ग्रामीणों की समस्याओं को समझा, मौके पर दिए समाधान के निर्देश
मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के तहत कलेक्टर अंशुल गुप्ता ने कुरवाई तहसील के विभिन्न गांवों का शुक्रवार को गहन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शासकीय योजनाओं, जनहितकारी सेवाओं, शैक्षणिक व स्वास्थ्य संस्थाओं तथा विकास कार्यों की जमीनी हकीकत जांची। ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं, आवश्यकताओं और सुझावों को समझा और मौके पर ही समाधान के निर्देश दिए। शेष मामलों में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। भ्रमण की शुरुआत ग्राम पंचायत बरखेड़ा पठारी से हुई, जहां कलेक्टर ने राशन दुकान का निरीक्षण किया। इसके बाद शासकीय प्राथमिक शाला और सक्षम आंगनबाड़ी केंद्र की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। ग्राम की गौशाला का निरीक्षण भी किया और वृक्षारोपण कार्यक्रम में भाग लिया। यह दौरा ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी योजनाओं के कार्यान्वयन की पड़ताल करने और आम लोगों की समस्याओं को समझने के उद्देश्य से किया गया था। इसके पश्चात ग्राम पंचायत बडोह में भ्रमण के दौरान प्राचीन मंदिर समूह का निरीक्षण किया गया, जो भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के अंतर्गत आता है। यहां शासकीय एकीकृत माध्यमिक शाला और जनमन आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण हुआ। बडोह स्थित विस्थापित कॉलोनी का भ्रमण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया और रहवासियों से चर्चा कर उनकी मूलभूत समस्याओं को समझा गया। विस्थापित कॉलोनी के निवासियों की समस्याओं को सुनने के बाद कलेक्टर ने उनके समाधान के लिए आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और उनकी मूलभूत आवश्यकताएं पूरी हों। यह कदम ग्रामीण विकास और जन-कल्याण के प्रति प्रशासन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। ग्राम पंचायत पठारी में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और निर्माणाधीन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया गया।
यह निरीक्षण स्थानीय आजीविका और शिक्षा की स्थिति का आकलन करने के लिए महत्वपूर्ण था। सामुदायिक भवन में एक उद्यम संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में उद्यमिता और स्वरोजगार से संबंधित विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। इसका उद्देश्य युवाओं को स्वरोजगार के अवसर तलाशने और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम के दौरान, कलेक्टर ने स्थानीय उद्यमियों और युवाओं को सरकारी योजनाओं और वित्तीय सहायता के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कैसे वे अपने व्यवसाय शुरू कर सकते हैं और उन्हें सफल बनाने के लिए किन रणनीतियों का पालन कर सकते हैं। भ्रमण के अंतिम चरण में ग्राम पंचायत श्यामपुर गुदावल में सावित्री देवी वेयरहाउस का निरीक्षण किया गया। इस निरीक्षण का उद्देश्य भंडारण सुविधाओं की क्षमता और उनकी कार्यप्रणाली का आकलन करना था। इसके साथ ही, नव-निर्मित पंचायत भवन तथा मुख्यमंत्री ग्राम सड़क एवं अवसंरचना मद से निर्मित सीसी रोड का निरीक्षण कर विकास कार्यों की स्थिति देखी गई। यह सुनिश्चित किया गया कि निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण हों और निर्धारित समय-सीमा में पूरे हों। इन निरीक्षणों का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में चल रही शासकीय योजनाओं और सेवाओं की जमीनी हकीकत को समझना था। निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा करना और आमजन से सीधे संवाद के माध्यम से उनकी समस्याओं और अपेक्षाओं को जानना भी कार्यक्रम के महत्वपूर्ण पहलू थे।





