अनुपम खेर खुद निजी संघर्षों से गुजर रहे थे उस वक्त
अभिनेता-निर्देशक राजू खेर ने अपने जीवन के उस कठिन दौर को याद किया जब उनका नया चैनल बंद हो गया था और उनके सारे पैसे डूब गए थे। उन्होंने बताया कि चैनल के लिए उन्होंने अपना घर बेचकर मिले पैसे एक कार्यक्रम में लगाए थे। राजू खेर को उम्मीद थी कि उनका नया चैनल सफल होगा और उनकी जिंदगी शानदार हो जाएगी, लेकिन चैनल अचानक बंद हो गया और किसी को पता नहीं चला कि क्या हुआ। राजू खेर ने बताया कि पैसे डूबने के बाद उन्हें किराए का भुगतान करने में भी दिक्कतें आने लगी थीं। उस मुश्किल समय में उन्होंने अपने भाई अनुपम खेर से मदद की उम्मीद की थी। राजू का सोचना था कि अनुपम उनकी मदद कर सकते हैं, क्योंकि उस वक्त उनके पास कोई और सहारा नहीं था। हालांकि, राजू खेर को बाद में पता चला कि अनुपम खेर खुद उस समय निजी संघर्षों से गुजर रहे थे। इसी वजह से वह राजू की मदद नहीं कर सके। राजू को इस बात का एहसास कई साल बाद हुआ। राजू खेर ने सिद्धार्थ कनन से बातचीत में अपने बुरे दिनों को याद करते हुए कहा, 'एक समय था जब मैं बुरे दौर से गुजर रहा था। मैंने अपना घर बेच दिया था क्योंकि एक नया चैनल आने वाला था, इसलिए मैंने कहीं और एक फ्लैट खरीद लिया था। ' नया चैनल लॉन्च होने वाला था और कई लोग पायलट प्रोजेक्ट बना रहे थे, समझौते भी हो चुके थे। राजू खेर ने भी 'लाइफ के लिए कुछ भी करेगा' नाम का एक कार्यक्रम बनाया था। राजू खेर के अनुसार, वह अनुपम खेर से मदद की उम्मीद कर रहे थे, लेकिन उन्हें वह मदद नहीं मिली। उन्होंने कहा, 'मुझे लगा था कि अनुपम मदद करेगा पर…'। राजू को यह भी लगा था कि उनका भाई अजीबोगरीब फिल्मों में काम नहीं करना चाहता और वह सार्थक भूमिकाएं चाहता है।




